समुद्री सुरक्षा को नई मजबूती: भारतीय तटरक्षक बल में शामिल हुआ स्वदेशी फास्ट पेट्रोल पोत ‘आईसीजीएस अक्षय’

नई दिल्ली। भारत की समुद्री सुरक्षा और निगरानी क्षमता को और सुदृढ़ करते हुए भारतीय तटरक्षक बल (Indian Coast Guard) के बेड़े में अत्याधुनिक स्वदेशी फास्ट पेट्रोल पोत आईसीजीएस अक्षय (ICGS Akshay) को शामिल किया गया। गोवा शिपयार्ड लिमिटेड, गोवा में आयोजित समारोह में इस नए पीढ़ी के पोत को औपचारिक रूप से कमीशन किया गया।
पोत को वित्त मंत्रालय के व्यय विभाग की अतिरिक्त सचिव श्रीमती परमा सेन (आईएएंडएएस) ने सेवा में शामिल किया। इस अवसर पर तटरक्षक बल के पश्चिमी क्षेत्र के कमांडर महानिरीक्षक भीष्म शर्मा (पीटीएम, टीएम), उप महानिदेशक (मानव संसाधन विकास) महानिरीक्षक ज्योतिंद्र सिंह (टीएम), केंद्र एवं राज्य सरकारों के वरिष्ठ अधिकारी तथा गोवा शिपयार्ड लिमिटेड के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
‘अक्षय’ का अर्थ है अविनाशी। यह नाम भारतीय तटरक्षक बल की अटूट प्रतिबद्धता, साहस और देश के समुद्री हितों की रक्षा के संकल्प का प्रतीक है। इस पोत के शामिल होने से समुद्री निगरानी, तटीय सुरक्षा और समुद्री कानूनों के प्रभावी क्रियान्वयन को नई मजबूती मिलेगी।
गोवा शिपयार्ड लिमिटेड द्वारा स्वदेशी तकनीक से निर्मित आईसीजीएस अक्षय आत्मनिर्भर भारत और मेक इन इंडिया अभियान की दिशा में देश की बढ़ती जहाज निर्माण क्षमता का उत्कृष्ट उदाहरण है। यह पोत भारत के रक्षा एवं समुद्री उद्योग को भी नई मजबूती प्रदान करेगा।
आईसीजीएस अक्षय समुद्री कानूनों के पालन, खोज एवं बचाव (Search & Rescue) अभियान, तटीय सुरक्षा, समुद्री पर्यावरण संरक्षण तथा संकट में फंसे नाविकों की सहायता जैसी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियों का निर्वहन करेगा।
कमांडेंट (जूनियर ग्रेड) दीपक चौबे के नेतृत्व में यह पोत अब भारतीय तटरक्षक बल के बेड़े का हिस्सा बन गया है। इसके शामिल होने से तटरक्षक बल के आधुनिकीकरण अभियान को गति मिलेगी और देश की समुद्री सुरक्षा व्यवस्था पहले से अधिक मजबूत होगी।




