मझौली में पांच घंटे तक हाईवे जाम, पुलिस ने नामजद सहित अन्य आरोपियों पर दर्ज किया मामला

सीधी। जिले के मझौली थाना क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग पर चक्का जाम कर यातायात बाधित करने के मामले में पुलिस ने नामजद एवं अन्य आरोपियों के विरुद्ध प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि सार्वजनिक मार्ग अवरुद्ध किए जाने से घंटों तक आवागमन प्रभावित रहा और आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
पुलिस के अनुसार, 23 जुलाई को ग्राम छुई में एक मृतक का शव पोस्टमार्टम के लिए एंबुलेंस से ले जाया जा रहा था। इसी दौरान कुछ लोगों ने एंबुलेंस को रोक दिया और शव को सीधी-शहडोल राष्ट्रीय राजमार्ग के बीच रखकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने शासन-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए करीब पांच घंटे तक सड़क जाम रखा, जिससे दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात पूरी तरह प्रभावित रहा।
घटना की सूचना मिलते ही एसडीओपी, तहसीलदार, थाना प्रभारी मझौली सहित मड़वास, कुसमी और पथरौला पुलिस चौकी का बल मौके पर पहुंचा। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर शांतिपूर्ण ढंग से मार्ग खाली कराने का प्रयास किया, लेकिन जाम लंबे समय तक जारी रहा।
मामले की जांच के बाद मझौली पुलिस ने शिकायत, उपलब्ध साक्ष्यों और वीडियो फुटेज के आधार पर नामजद एवं अन्य लोगों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं तथा राष्ट्रीय राजमार्ग अधिनियम के प्रावधानों के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि मामले में साक्ष्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
इस संबंध में जिला पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी समस्या या मांग के समाधान के लिए शांतिपूर्ण और कानूनी माध्यम अपनाएं। पुलिस ने कहा कि सार्वजनिक मार्गों को अवरुद्ध कर आमजन के आवागमन में बाधा उत्पन्न करना कानूनन दंडनीय है और कानून व्यवस्था भंग करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई जारी रहेगी.




