रीवा में 24 घंटे में तीन बच्चों की मौत, अलग-अलग घटनाओं ने शहर को झकझोरा

रीवा: मध्य प्रदेश के रीवा जिले में बीते 24 घंटे के भीतर तीन अलग-अलग घटनाओं में नाबालिग बच्चों की मौत से पूरे शहर में शोक का माहौल है। मकर संक्रांति के दिन शुरू हुई इन घटनाओं ने एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था, ट्रैफिक नियंत्रण और पारिवारिक-सामाजिक सतर्कता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। मृत बच्चों की उम्र 10 से 14 वर्ष के बीच बताई जा रही है।
पहली घटना बुधवार को चिरहुला मंदिर क्षेत्र के चौरसिया कॉलोनी की है। यहाँ 13 वर्षीय कुश चौरसिया अपने घर की छत पर पतंग उड़ा रहा था। इसी दौरान वह पास से गुजर रही 11 केवी हाईटेंशन लाइन की चपेट में आ गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों में कोहराम मच गया।
दूसरी घटना गुरुवार सुबह रतहरा क्षेत्र में सामने आई। 10 वर्षीय कुश त्रिपाठी, जो कक्षा चौथी का छात्र था, अपनी बहन के साथ स्कूल जाने के लिए सड़क पार कर रहा था। इसी दौरान तेज रफ्तार ट्रक की चपेट में आने से उसकी मौत हो गई। हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने यातायात व्यवस्था को लेकर नाराजगी जताई।
तीसरी घटना गुरुवार दोपहर की है। केंद्रीय विद्यालय में कक्षा सातवीं में पढ़ने वाले छात्र सुलभ पुरवार की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। पुलिस ने मामले में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है और परिजनों से पूछताछ की जा रही है।
लगातार हुई इन घटनाओं से जिले में शोक और चिंता का माहौल है। पुलिस और प्रशासन ने सभी मामलों में जांच के निर्देश दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि बिजली लाइन सुरक्षा, सड़क पर भारी वाहनों की निगरानी और बच्चों की सुरक्षा को लेकर ठोस कदम उठाए जाने की जरूरत है।




