रीवा में पुलिस बनी देवदूत! लावारिस नवजात को बचाकर दिया नया जीवन

रीवा : शहर की अमहिया पुलिस ने बीती रात कर्तव्यपरायणता के साथ-साथ मानवता की एक अनूठी मिसाल पेश की है.पुलिस टीम ने लावारिस हालत में मिले एक नवजात शिशु को न केवल सुरक्षित रेस्क्यू किया, बल्कि त्वरित कार्रवाई करते हुए उसे अस्पताल पहुंचाकर एक नया जीवन प्रदान किया. पुलिस के इस सराहनीय कदम की पूरे जिले में चर्चा हो रही है.
मिली जानकारी के अनुसार, अमहिया थाना क्षेत्र के अंतर्गत बीती रात्रि पुलिस को सूचना मिली कि एक नवजात बच्चा लावारिस हालत में पड़ा हुआ है.रात के सन्नाटे और असुरक्षित वातावरण में मासूम की सुरक्षा को लेकर बड़ी चुनौती थी। सूचना मिलते ही अमहिया पुलिस सक्रिय हुई और तत्काल मौके पर जा पहुँची.
मौके पर पहुँचे पुलिसकर्मियों ने देखा कि नवजात को तत्काल चिकित्सीय सहायता की आवश्यकता है.संवेदनशीलता दिखाते हुए पुलिस टीम ने बिना देरी किए बच्चे को अपनी गाड़ी से अस्पताल पहुँचाया. डॉक्टरों की टीम ने बच्चे का प्राथमिक उपचार शुरू किया.वर्तमान में बच्चा डॉक्टरों की देखरेख में सुरक्षित बताया जा रहा है.पुलिस ने न केवल बच्चे को भर्ती कराया, बल्कि उसके स्वास्थ्य लाभ और देखभाल के लिए भी समुचित व्यवस्थाएं सुनिश्चित कीं.
आमतौर पर सख्त नजर आने वाली पुलिस का यह नरम और ममतामयी चेहरा देख शहरवासी दंग हैं.सोशल मीडिया पर भी अमहिया पुलिस के इस ‘देवदूत’ अवतार की जमकर तारीफ हो रही है.स्थानीय नागरिकों का कहना है कि पुलिस की इसी सजगता के कारण आज एक मासूम की जान बच सकी है.
थाना प्रभारी अमहिया शिवा अग्रवाल ने मीडिया को बताए कि “हमारा पहला लक्ष्य मासूम की जान बचाना था। सूचना मिलते ही टीम ने सक्रियता दिखाई। बच्चा अब सुरक्षित है और स्वास्थ्य लाभ ले रहा है.पुलिस अपनी सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति सदैव सजग है.”




