सिहावल विधायक कमलेश्वर पटेल ने दिया धरना, समर्थन में जुटी विशाल जनता |

ब्लाक कांग्रेस कमेटी सिहावल / बहरी के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित मध्यप्रदेश की भ्रष्ट भाजपा सरकार के कुशासनकाल में व्याप्त भ्रष्टाचार, महंगाई, बेरोजगारी, अन्याय, अत्याचार एवं प्रदेश भर में ध्वस्त कानून व्यवस्था और कुशासन के विरोध में सिहावल विधायक कमलेश्वर पटेल की अगवाई में तहसील प्रांगण में सिहावल में 11 बजे से विशाल धरना प्रदर्शन प्रारंभ।

धरने में निम्न बिंदुओं को शामिल किया गया
1. सिहावल विधानसभा क्षेत्र में अघोषित बिजली कटौती, जले हुए विद्युत ट्रांसफार्मरों को कई माह से बदला नहीं गया है। जली-कटी केबिल से आए दिन दुर्घटनाएं हो रही है, बिजली भी नही पहुंच पाती है। झुके हुए विद्युत खम्भे अप्रिय स्थिति उत्पन्न कर रहे है। विद्युत के अधिक बिल जिससे किसान एवं आमजन परेशान है मनमाने विद्युत बिल दिये जा रहे है। 2. राजस्व, वारिसाना, नामांतरण, सीमाकंन, बटवारा आदि के महत्वपूर्ण कार्य अधिकारियों के कार्यालय में नहीं बैठने से समस्याओं का
उचित समय सीमा पर निराकरण नहीं हो पा रहा है। 3. कर्मकारव संबल के पंजीयन के लिए श्रमिक एवं गरीबों को भटकना पड़ रहा है। संबल व कर्मकार की राशि भी सालों से हितग्राहियों को नही दी गई है। वृद्धा पेंशन, दिव्यांग (विकलांग) पेंशन के पात्र हितग्राहियों का नाम पेंशन में नही जोड़ा जा रहा है। मनरेगा में मटेरियल एवं मजदूरी भुगतान महीनों से लंबित है, इससे गरीब श्रमिक व पंचायते प्रभावित हो रही है।
4. भाजपा के इवेंट कार्यक्रमों में पंचायतीराज का दुरूपयोग कर मनमाने ढंग से राशि का आहरण जबरन करवाया जा रहा है, जबकि पंचायतों में अत्यधिक जरूरी जनहित के आवश्यक कार्यों में अधिकारियों के द्वारा रोक लगाई जाती है। 5. जन समस्याओं के प्रति शासन-प्रशासन पूरी तरह असंवेदनशील है, एम्बुलेंस व शव वाहन समय पर मिल नहीं पा रहे हैं, रिक्त चिकित्सक व अन्य पदों की पूर्ति वर्षों से नहीं की जा रही है। आंखो की दवाई, जहरीले जानवर काटने पर इंजेक्शन ( रेबीज ) नही मिलने से जनता का स्वास्थ्य प्रभावित हो रहा है।
6. छात्र छात्राओं को छात्रवृत्ति निःशुल्क यूनीफार्म, साईकिल वितरण नही होने से गरीबों के बच्चे प्रभावित हो रहे है। शासकीय विद्यालयों
में पर्याप्त शिक्षक न होने से शिक्षा व्यवस्था प्रभावित हो रही है। शाला समय में कक्षाएं पूरी तरह नहीं लगने से छात्र-छात्राएं शाला से बाहर अन्यत्र घूमते हैं, इससे अप्रिय स्थिति बन रही है । महाविद्यालय में नियमित कक्षाएं नहीं लगने से छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है। 7. गुणवत्ता युक्त बीज, डी.ए.पी., यूरिया खाद लघु किसानों को नही देकर उसकी कालाबाजारी की जा रही है। खाद-बीज की पर्याप्त व्यवस्था के साथ पार्दशिता से वितरण होना चाहिए। 8. आवारा पशुओं के स्वच्छंद विचरण से किसानों की फसलें बर्बाद हो रही है। आवारा पशुओं के सड़कों पर बैठने से जन जीवन प्रभावित
होकर दुर्घटनाओं में बढ़ोत्तरी हो रही है।
9. मादक पदार्थों की खुले आम बिक्री आवाजाही से नशे की लत में वृद्धि हो रही है। कानून व्यवस्था की बदतर स्थिति से आमजन परेशान है । चोरी डकैती की वारदातों में भी बढ़ोत्तरी हो रही हैं। वाहनों की चेकिंग के बहाने पुलिस जनता को परेशान कर अवैध वसूली में लिप्त है। 10. लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग की उदासीनता के कारण पिछले तीन माह से सैकड़ो नवीन हैण्डपंप का खनन तो किया गया लेकिन सेट
आजतक नही लगाने से पेयजल की समस्या जस की तस बनी हुई है। विभाग के अधिकारियों की लापरवाही से स्वीकृति कार्य योजना, डी.एम. एफ., विधायक निधि व अन्य मद के कार्यों को नही किया गया है। इससे पेयजल संकट और गहरा गया है। नलजल योजना का कार्य जिन ग्रामों में किया गया है वहां की पी.सी.सी. सड़कें तोड़कर पुनः व्यवस्थित नही किए जाने से आए दिन दुर्घटनाएं हो रही है। 11. सोन नदी बहरी अमिलिया मार्ग पर वैकल्पिक मार्ग नहीं बनाएं जाने व निर्माणाधीन पुल को शीघ्र पूर्ण नहीं करने से जनता को करीब 90




