मानसिक विकलांग नाबालिग बालिका से दुष्कृत्य करने वाले आरोपीगण को हुआ आजीवन कारावास

मानसिक विकलांग नाबालिग बालिका से दुष्कृत्य करने वाले आरोपीगण को हुआ आजीवन कारावास
इंदौर – जिला अभियोजन अधिकारी श्री संजीव श्रीवास्तव, ने बताया कि दिनांक 14.09.2024 को माननीय न्यायालय – तेरहवें अपर सत्र न्यायाधीश एवं विशेष न्यायाधीश, (पॉक्सो एक्ट) श्रीमती सुरेखा मिश्रा, ने थाना किशनगंज, इन्दौर के अपराध क्रमांक 931/2021 में निर्णय पारित करते हुए आरोपी 1. चेतनदास उम्र 72 वर्ष एवं 2. शिवा उर्फ शिवनारायण उम्र 48वर्ष को अनुसूचित जाति/ जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम की धारा 3 (1) (w) (v) में आजीवन कारावास धारा 5(जी)/6, 5 (के)/ 6 पॉक्सो एक्ट में 20-20 वर्ष का सश्रम कारावास व धारा 376(3) में 20 वर्ष का सश्रम कारावास एवं धारा 366 भा.दं.सं. में दोषी पाते हुए 10 वर्ष का सश्रम कारावास धारा 506 (भाग दो) में 7 वर्ष कारावास एससी /एसटी एक्ट की धारा 3 (1) (w) (ii) में 5 वर्ष सश्रम कारावास व कुल जुर्माना 5500-5500/- रुपये के अर्थदण्ड से दंडित किया। प्रकरण में जिला अभियोजन अधिकारी के निर्देशन पर अभियोजन की ओर से पैरवी विशेष लोक अभियोजक श्रीमती सुशीला राठौर, एडीपीओ द्वारा की गई।
नोट :- न्यायालय द्वारा अवयस्क पीडि़ता को 1,50,000/- रुपये राशि प्रतिकर स्वरूप दिलाये जाने की अनुशंसा की गई।
नोट :- माननीय न्यायालय द्वारा अपने निर्णय में लेख किया है कि अभियुक्तगण द्वारा 16 वर्ष के कम आयु की मानसिक रूप से नि:शक्त अवयस्क बालिका का व्यपहरण कर उसके साथ शारीरिक संबंध स्थापित किया। यदि अभिुयक्तगण द्वारा किये गये ऐसे कृत्य पर उदारतापूर्वक विचार किया गया तो समाज पर विपरीत प्रभाव पड़ेगा।
अभियोजन मामले अनुसार पीड़ित बालिका के भाई ने रिपोर्ट लेखबद्ध करवायी कि बालिका तथा उसकी माँ की दिमागी हालत ठीक नहीं रहती है। उसकी माँ व छोटी बहन बालिका दोनों घर पर अकेली रहती हैं। दिनांक 29-12-2021 को उसकी छोटी बहन बालिका को उल्टियां होने लगी, तो वह उसे गाँव की आशा कार्यकर्ता के पास लेकर गया, तो उसने चेक करके बताया कि वह गर्भवती है। फिर उसने तथा उसके छोटे भाई ने बालिका ने पूछा तो उसने बताया कि करीब चार माह पहले जब वह दोपहर के समय घर पर अकेली थी तभी चेतन बैरागी तथा शिवा माली दोनों बुलाकर अपने साथ में शिवा के खेत पर लेकर गये थे और वहां सुनसान में उसके साथ चेतन बैरागी व शिवा माली ने बारी-बारी से जबरदस्ती गलत काम किया। फिर उसे शिवा माली व चेतन बैरागी ने बोला था कि यह बात किसी को मत बताना, नहीं तो उसे जान से खत्म कर देंगे। फिर शिवा व चेतन बैरागी दोनों उसे घर वापस छोड़कर चले गये थे। उसकी बहन की दिमागी स्थिति ठीक नहीं है, तो वह ज्यादा कुछ बोलती नहीं है, जितना पूछो उतना ही जवाब देती है। दोनों उसे व उसकी बहन को अच्छे से जानते-पहचानते हैं कि वे बलाई समाज के हैं। उसने यह बात दिनांक 30-12-2021 को उसके मामा-मामी को बताई और फिर उनके साथ जाकर पुलिस थाना किशनगंज पर रिपोर्ट कराई। बालिका के भाई की रिपोर्ट पर से पुलिस थाना किशनगंज, जिला इंदौर में अपराध क्रमांक 931/2021, के अन्तर्गत प्रथम सूचना रिपोर्ट पंजीबद्ध की गई व मामला विवेचना में लिया गया। सम्पूर्ण विवेचना उपरांत धारा 363, 376, 376(3), 376 (2) (एन), 376-डी, 506 भा.दं.सं. व धारा 5/6 लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम, 2012 तथा धारा 3 (2) (W) (ii), 3(2) (V) अनुसूचित जाति/जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम के अंतर्गत अभियोग पत्र अभियुक्तगण के विरूद्ध न्यायालय में प्रस्तुत किया गया।, जिस पर से अभियुक्त को उक्त दण्ड से दण्डित किया।




