सीधी में ऑटिज्म से प्रभावित 6 वर्षीय बच्चे की जिंदगी बदली, DDRC की थेरेपी से आया उल्लेखनीय सुधार

सीधी। मध्यप्रदेश के सीधी जिले में जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र (DDRC) की पुनर्वास सेवाओं से ऑटिज्म से प्रभावित छह वर्षीय एक बच्चे के जीवन में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिला है। जिला प्रशासन के अनुसार, लगभग एक वर्ष तक नियमित थेरेपी और विशेषज्ञों के मार्गदर्शन के बाद बच्चे की संवाद क्षमता, सामाजिक व्यवहार और आत्मविश्वास में सकारात्मक परिवर्तन आया है।
एक साल पहले थी संवाद करने में कठिनाई
परिजनों के अनुसार, जब बच्चे को पहली बार जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र लाया गया था, तब वह लोगों से आंख मिलाने से बचता था, अपनी बात स्पष्ट रूप से नहीं कह पाता था और सामाजिक गतिविधियों में भाग लेने में कठिनाई महसूस करता था। इन कारणों से परिवार काफी चिंतित था।
विशेषज्ञों ने तैयार की व्यक्तिगत पुनर्वास योजना
DDRC की विशेषज्ञ टीम ने बच्चे का विस्तृत मूल्यांकन कर उसकी आवश्यकताओं के अनुरूप व्यक्तिगत पुनर्वास योजना तैयार की। इसके तहत विशेष शिक्षा, स्पीच एवं लैंग्वेज थेरेपी, ऑक्यूपेशनल थेरेपी और व्यवहारिक प्रशिक्षण नियमित रूप से दिया गया। साथ ही परिजनों को भी घर पर अभ्यास कराने के लिए आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान किया गया।
अब आत्मविश्वास के साथ कर रहा संवाद
केंद्र के अनुसार, लगातार एक वर्ष तक चले उपचार और परिवार के सहयोग से बच्चे की भाषा क्षमता, सामाजिक सहभागिता, एकाग्रता और संवाद कौशल में उल्लेखनीय सुधार दर्ज किया गया है। अब वह लोगों की बात समझकर आत्मविश्वास के साथ जवाब देने लगा है।
विशेषज्ञों ने समय पर पहचान पर दिया जोर
जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र में पदस्थ ट्रांस-डिसिप्लिनरी विशेष शिक्षक शिवांशु शुक्ला ने बताया कि ऑटिज्म की समय पर पहचान (Early Identification) और प्रारंभिक हस्तक्षेप (Early Intervention) बच्चों के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उनका कहना है कि नियमित विशेषज्ञ सेवाओं और परिवार के सहयोग से कई बच्चों में सकारात्मक बदलाव संभव है।
अभिभावकों से की गई अपील
DDRC ने अभिभावकों से अपील की है कि यदि किसी बच्चे में बोलने में देरी, आंखों से संपर्क न करना, सामाजिक व्यवहार में कठिनाई, अपनी बात व्यक्त न कर पाना या विकास संबंधी विलंब जैसे लक्षण दिखाई दें, तो उन्हें नजरअंदाज न करें। समय रहते विशेषज्ञों से परामर्श लेकर उपलब्ध निःशुल्क पुनर्वास सेवाओं का लाभ लिया जा सकता है।




