सोन घड़ियाल अभयारण्य क्षेत्र में अवैध रेत उत्खनन का आरोप, बहरी पुलिस ने हाईवा और जेसीबी जब्त की

सीधी। जिले के बहरी थाना क्षेत्र अंतर्गत नकझर गांव से सोन घड़ियाल अभयारण्य के प्रतिबंधित क्षेत्र में कथित अवैध रेत उत्खनन का मामला सामने आया है। आरोपों के सामने आने के बाद प्रशासनिक स्तर पर हलचल मच गई है और पूरे प्रकरण की जांच की मांग उठ रही है।
स्थानीय ग्रामीणों और सूत्रों के अनुसार, बीते दो दिनों से सोन नदी के किनारे भारी मशीनों की मदद से रेत निकासी की जा रही थी। ग्रामीणों का दावा है कि मौके पर चार से पांच हाईवा वाहन और जेसीबी मशीनें लगातार रेत उत्खनन में लगी हुई थीं। आरोप है कि यह गतिविधि खुलेआम की जा रही थी, जिससे लोगों में असंतोष फैल गया।
ग्रामीणों का यह भी कहना है कि मौके पर कुछ विभागीय कर्मचारियों की मौजूदगी देखी गई, जिससे उत्खनन को लेकर संदेह और गहरा गया। वहीं, जब इस संबंध में अधिकारियों से जानकारी ली गई, तो कुछ अधिकारियों ने एसडीएम से अनुमति होने की बात कहते हुए कार्रवाई को वैध बताया। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि अभयारण्य क्षेत्र में उत्खनन की अनुमति किस आधार पर दी गई और क्या इसके लिए पर्यावरणीय एवं वन्यजीव संरक्षण नियमों का पालन किया गया था।
मामले के तूल पकड़ने के बाद बहरी पुलिस ने देर रात लगभग एक बजे कार्रवाई करते हुए मौके से सभी हाईवा वाहनों और जेसीबी मशीनों को जब्त कर थाना परिसर में खड़ा कराया है। पुलिस ने बताया कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और जांच के बाद आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
यह मामला पर्यावरण संरक्षण और सोन घड़ियाल अभयारण्य जैसे संवेदनशील क्षेत्र की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है। अभयारण्य क्षेत्र में किसी भी प्रकार की खनन गतिविधि नियमों के दायरे में ही अनुमन्य है।
ग्रामीणों का कहना है कि भारी वाहनों की आवाजाही से गांव की सिग्नल रोड भी क्षतिग्रस्त हो गई है, जिससे दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ गई है। ग्रामीणों ने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।




