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मारपीट के आरोपियों को 01-01 वर्ष का कारावास:

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:मारपीट के आरोपियों को 01-01 वर्ष का कारावास:

मझौली: बताया गया कि स्थान ग्राम खैरी निवासी फरियादी/आहत पार्वती प्रजापति ने चैकी पौड़ी थाना कुसमी पर उपस्थित होकर सूचना दी कि वह दिनांक 21.03.2019 को शाम करीबन 07:00 बजे अपने घर से बाहर निकली तो देखी कि राजमन प्रजापति को जमीनी विवाद के कारण कमलेश प्रजापति पिता दुल्लू प्रजापति उम्र-33 वर्ष एवं ललुआ उर्फ सम्पत प्रजापति पिता दुल्लू प्रजापति उम्र-31 वर्ष, दोनों निवासी खैरी चैकी पौड़ी थाना कुसमी जिला सीधी म.प्र. मिलकर मारपीट कर रहे थे। तब वह जाकर मना की कि मारपीट न करो व भाई को क्यों मार रहे हो और बीच बचाव करने लगी। तब दोनों अभियुक्तगण ने मां-बहन की अश्लील गालियां देते हुये उसके तरफ दोड़े और हाथ में लिये खूंटा से दोनों उसे मारने लगे तब वह हल्ला गोहार की तो हीरा प्रजापति, लाला बैगा, रानी प्रजापति आकर बीच बचाव किये। तब दोनों अपने घर तरफ जाते समय कह रहे थे कि दोनों भाई बहन को जान से खत्म कर देंगे। कैसे जमीन ले लेगा मारपीट से उसके बायें हाथ में बहुका में चोट आई थी व राजमन प्रजापति के दाहिने हाथ की कोहनी में चोट आई। फरियादी की सूचना के आधार पर अपराध क्रमांक 0023/19 धारा 294, 323, 325, 506 भाग-2, 34 भा.द.वि. पंजीबद्ध किया गया। सम्पूर्ण विवेचना उपरांत अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। प्रकरण में शासन की ओर से पैरवी सहायक जिला अभियोजन अधिकारी मझौली, श्री रामराज सिंह के द्वारा करते हुए अभियुक्तगण को संदेह से परे प्रमाणित कराया गया। परिणामस्वरूप न्यायालयीन प्र.क्र. 115/19 में माननीय न्यायालय द्वारा अभियुक्तगण कमलेश प्रजापति एवं ललुआ उर्फ सम्पत प्रजापति को भा.द.सं. की 323 विकल्प 323/34 के अधीन दण्डनीय अपराध के आरोप में आरोपीगण को 6-6 माह तक के सश्रम कारावास एवं 500/-500/- (पाचं -पाचं ) रूपये एवं धारा 325, विकल्प 325/34, के अधीन दण्डनीय अपराध के आरोपगण से एक-एक वर्ष तक के सश्रम कारावास तथा 1000-1000/- (एक हजार-एक हजार) रूपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया जाता है। अर्थदण्ड अदा करने के व्यक्तिक्रम में प्रत्येक अभियुक्तगण को एक-एक माह का अतिरिक्त सश्रम कारावास पृथक से भुगताये जाने का आदेश जारी किया गया। अर्थदण्ड की राशि जमा करने पर आहत पार्वती प्रजापति एवं राजमन को 1500-1500/- रूपये द.प्र.सं. की धारा 357(1) के अनुसार अपील अवधि पश्चात प्रतिकर स्वरूप अदा किए जाने का भी आदेश पारित किया गया।

: *मारपीट के आरोपियों को जुर्माने की सजा* :

मझौली: बताया गया कि दिनांक 10.03.2016 को फरियादी/आहत संजय गुप्ता तनय मिश्रीलाल गुप्ता उम्र 25 वर्ष निवासी ग्राम भुइमाड ने थाना भुईमाड़ पर उपस्थित होकर मौखिक रिपोर्ट दर्ज कराया कि दिनांक 10.03.2018 को समय 20:00 बजे के आसपास स्थान ग्राम गरूणपाठ अंतर्गत थाना भुईमाड़ में शाम के समय अपने बोलेरो वाहन क्र. एमपी. 17 सीए 2087 से अपने बालक फूलचंद्र साकेत को लेकर ग्राम गरूणपाठ तिलकराज सिंह गोड़ के घर बारात उठाने गया था। तब करीबन 08:00 बजे रात वह अपनी गाड़ी में 10 बारातियों को बैठाकर चलने लगा तभी ग्राम बूटू के जगनारायण सिंह उर्फ छोटदाउ गोड़ गाड़ी को रोकवाकर और बारातियों को जबरन बैठाने लगा जिसे उसने कहा कि उसकी गाड़ी में जगह नहीं है बैठा नहीं पाउंगा। इतने में जगनारायण सिंह उर्फ छोटदाउ गोड़ एवं लक्षिमन तथा हिदन सिंह गोड़ उसे मां-बहन की अश्लील गालियां देते हुये गाड़ी से बहार खींचकर हाथ मुक्का से मारपीट कर चोट पहुंचाये एवं कह रहे थे कि बाराती नहीं बैठायेगा तो जाने से खत्म कर देंगे। मारपीट से उसकी बांयी आंख के पास एवं बांये तरफ गर्दन में खरोंचदार चोटें आई थी तथा मारपीट से बदन में काफी दर्द था। मारपीट करते फूलचन्द्र साकेत, भोला सिंह गोड़, ललन सिंह गोड़, लालदेव सिंह गोड़ देखे व बीच बचाव किये। फरियादी की सूचना के आधार पर थाना भुईमाड़ के अपराध क्रमांक 0005/2018 धारा 294, 323, 506, 34 भा.द.वि. पंजीबद्ध किया गया। आहत का चिकित्सकीय परीक्षण कराया गया। सम्पूर्ण विवेचना उपरांत अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। प्रकरण में शासन की ओर से पैरवी सहायक जिला अभियोजन अधिकारी मझौली, श्री रामराज सिंह के द्वारा करते हुए अभियुक्तगण को संदेह से परे प्रमाणित कराया गया। परिणामस्वरूप न्यायालयीन प्र.क्र. 90/18 में माननीय न्यायालय द्वारा अभियुक्‍त नारायण सिंह उर्फ छोट दाउ पिता भगत सिंह गोड़ उम्र-21 वर्ष, निवासी- पचपौंड़िया टोला थाना भुईमाड़ जिला सीधी म.प्र., महिपाल सिंह गोड़ पिता लखपति सिंह गोड़ उम्र-24 वर्ष एवं लक्ष्मण सिंह गोड़ पिता प्रयाग सिंह गोड़, उम्र-24 वर्ष, दोनों निवासी-साजापानी, थाना सरई जिला सिंगरौली म.प्र. को धारा 323 सहपठित धारा 34 भा.द.वि. के अपराध के लिए न्यायालय उठने तक का कारावास एवं आहत की चोटों को देखते हुये आरोपीगण को जुर्माने से दण्डित न किया जाकर प्रतिकर की राशि पृथक-पृथक 500/-500/500/- रूपये कुल 1500/- रूपये अन्तर्गत धारा 357(3) द.प्र.सं. से दण्डित किया जाता है। प्रतिकर की राशि क्षतिपूर्ति स्वरूप आहत/फरियादी संजय गुप्ता को अपील अवधि पश्चात प्रदान किये जाने का भी आदेश पारित किया गया।

 

 

 

 


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