इंदौर में PWD रिश्वत कांड: 3 अधिकारी 3 लाख लेते रंगे हाथ गिरफ्तार

PWD Bribery Case Indore: मध्य प्रदेश में भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रही कार्रवाई के तहत लोकायुक्त पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए लोक निर्माण विभाग (PWD) के तीन अधिकारियों को रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई के बाद विभाग में हड़कंप मच गया है।
जानकारी के अनुसार, यह कार्रवाई एक शासकीय ठेकेदार की शिकायत के आधार पर की गई। ठेकेदार द्वारा सड़क निर्माण कार्य पूरा किए जाने के बावजूद बिलों का भुगतान लंबित था। आरोप है कि भुगतान के बदले अधिकारियों ने कमीशन की मांग की थी।
बताया गया कि कार्यपालन यंत्री जयदेव गौतम ने 15 प्रतिशत, एसडीओ टी.के. जैन ने 2 प्रतिशत और उपयंत्री अंशु दुबे ने 2 प्रतिशत कमीशन की मांग की थी। इस तरह कुल मिलाकर बिल राशि का 19 प्रतिशत रिश्वत के रूप में मांगा जा रहा था।
शिकायत के बाद लोकायुक्त टीम ने गोपनीय जांच की, जिसमें आरोप सही पाए गए। इसके बाद ट्रैप टीम का गठन कर योजना बनाई गई। तय योजना के अनुसार ठेकेदार तीन लाख रुपये की पहली किश्त लेकर कार्यालय पहुंचा।
जैसे ही आरोपियों को राशि सौंपी गई, पहले से मौजूद लोकायुक्त टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए तीनों अधिकारियों को मौके पर ही पकड़ लिया। कार्रवाई के दौरान आरोपियों के हाथ धुलवाए गए, जो गुलाबी हो गए, जिससे रिश्वत लेने की पुष्टि हुई।
लोकायुक्त टीम ने आरोपियों के पास से रिश्वत की राशि भी जब्त कर ली है। गिरफ्तार अधिकारियों में कार्यपालन यंत्री, एसडीओ और उपयंत्री शामिल हैं। तीनों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
सूत्रों के अनुसार विभाग में लंबे समय से कमीशनखोरी की शिकायतें मिल रही थीं। इस कार्रवाई को भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई माना जा रहा है, जिससे विभाग में सख्ती बढ़ने की संभावना है।




