सीधी में ऑपरेशन फास्ट की बड़ी कार्रवाई – फर्जी सिम विक्रेताओं का भंडाफोड़, पुलिस की सख्ती से अपराधियों में हड़कंप

सीधी। ऑपरेशन फास्ट के तहत जिले में पुलिस ने फर्जी सिम विक्रेताओं पर बड़ी कार्रवाई की है। प्रभारी पुलिस अधीक्षक/अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अरविंद श्रीवास्तव के कुशल निर्देशन में गठित विशेष टीम ने इस अभियान को अंजाम दिया। जांच में सामने आया कि कुछ दुकानदार ग्राहकों के दस्तावेजों का दुरुपयोग कर उनके नाम पर फर्जी सिम कार्ड जारी कर रहे थे, जिनका उपयोग साइबर अपराधों में किया गया।
ऑपरेशन फास्ट में अमिलिया पुलिस की कार्रवाई
ऑपरेशन फास्ट के तहत थाना अमिलिया पुलिस ने जांच में पाया कि ग्राहकों के दस्तावेजों से कई फर्जी सिम कार्ड सक्रिय किए गए। इसमें बृजेश गुप्ता, पंकज गुप्ता, आकाश कुमार पटेल, अमन कुमार पटेल और पुरुषोत्तम गुप्ता की संलिप्तता सामने आई। इन पर धारा 318(4) बीएनएस 2023 और 66(C) आईटी एक्ट 2008 के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी गई है।
ऑपरेशन फास्ट में कोतवाली पुलिस की कार्रवाई
सीधी कोतवाली पुलिस ने जांच में पाया कि उमेश गुप्ता ने ग्राहकों के दस्तावेजों का दुरुपयोग कर फर्जी सिम कार्ड जारी किए और अन्यत्र भेजे। इनका उपयोग साइबर अपराधों में हुआ। आरोपी पर धारा 318(4) बीएनएस 2023, 66(C) आईटी एक्ट 2008 और दूरसंचार अधिनियम 2023 की धारा 42(3)(A), 42(6) के तहत अपराध दर्ज किया गया है।
ऑपरेशन फास्ट और पुलिस की अपील
सीधी पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे अपने दस्तावेज किसी अज्ञात या असत्यापित दुकानदार को न दें। साथ ही, संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत नजदीकी थाने या साइबर हेल्पलाइन पर दें, ताकि साइबर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण लगाया जा सके।
ऑपरेशन फास्ट में सराहनीय योगदान
इस कार्रवाई में डीएसपी मुख्यालय श्री अमन मिश्रा, एसडीओपी चुरहट श्री आशुतोष द्विवेदी, थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक कन्हैया सिंह बघेल, थाना प्रभारी अमिलिया निरीक्षक राकेश बैस, प्रधान आरक्षक रणबहादुर सिंह, आरक्षक अनुराग यादव, संदीप चतुर्वेदी, दीपेंद्र सिंह और साइबर सेल सीधी से प्रदीप मिश्रा व कृष्ण मुरारी द्विवेदी का विशेष योगदान रहा।




