मानवाधिकार सार्वभौमिक लेकिन उपेक्षित हैं: अनुराग चंद्रवंशी, सीधी में मानवाधिकार जागरूकता कार्यक्रम में बोले

सीधी। मानवाधिकार सार्वभौमिक हैं और हर व्यक्ति का मूल अधिकार हैं, इसी उद्देश्य से भारतीय मानवाधिकार एसोसिएशन जिला इकाई सीधी द्वारा जागरूकता कार्यक्रम एवं आईडी कार्ड वितरण का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि राष्ट्रीय अध्यक्ष अनुराग चंद्रवंशी ने कहा कि मानवाधिकार सार्वभौमिक होते हुए भी कई बार उपेक्षित रह जाते हैं। यह हर समय और हर स्थान पर लागू होते हैं, और प्रत्येक व्यक्ति का अधिकार है कि वह समानता और स्वतंत्रता के साथ जीवन यापन कर सके। उन्होंने कहा कि मानवाधिकार का अर्थ उन मूल अधिकारों से है जिनका सभी मानव प्राणी हकदार हैं।
मानवाधिकार सार्वभौमिक: महिलाओं के अधिकारों पर विशेष जोर
विशिष्ट अतिथि राष्ट्रीय सदस्य व मध्यप्रदेश प्रभारी चंद्रकला विश्वकर्मा ने कहा कि मानवाधिकार सार्वभौमिक सिद्धांत में महिलाओं को हिंसा मुक्ति और संपत्ति का अधिकार भी शामिल है, जो महिला सशक्तिकरण का आधार है। उन्होंने कहा कि महिला अधिकारों की रक्षा समाज की सशक्त नींव तैयार करती है।
मानवाधिकार सार्वभौमिक: शिक्षा अधिकार है सर्वांगीण विकास की कुंजी
जिला शिक्षा संरक्षण प्रमुख पी एल वर्मा ने कहा कि मानवाधिकार सार्वभौमिक होने के नाते शिक्षा अधिकार भी हर व्यक्ति का मौलिक अधिकार है। शिक्षा ही सर्वांगीण विकास का आधार है, जिससे व्यक्ति आत्मनिर्भर और जागरूक बनता है।
मानवाधिकार सार्वभौमिक: राज्य स्तर पर संरक्षण की आवश्यकता
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे प्रदेश कल्याण सचिव राकेश मौर्य ने कहा कि मानवाधिकार सार्वभौमिक सिद्धांत के तहत प्रत्येक राज्य में मानवाधिकार आयोग की स्थापना आवश्यक है। मानवाधिकार संरक्षण अधिनियम 1993 के तहत वर्तमान में 24 राज्यों में आयोग कार्यरत हैं, लेकिन उनकी जागरूकता अभी भी जरूरी है।
मानवाधिकार सार्वभौमिक: संगठन की गतिविधियों से बढ़ेगा जनजागरण
राष्ट्रीय कल्याण सचिव डॉ. अजय चौधरी ने विधिक जागरूकता पर जोर देते हुए कहा कि *मानवाधिकार सार्वभौमिक* जागरूकता के माध्यम से ही जनमानस में अधिकारों की समझ विकसित होगी। इससे समाज में सकारात्मक बदलाव आएंगे और कमजोर वर्ग को उनके अधिकार मिल सकेंगे।
कार्यक्रम का संचालन जिला महासचिव अमित प्रधान ने किया और आभार जिला महिला संरक्षण प्रमुख रेखा दुबे ने व्यक्त किया। इस दौरान संभागीय सचिव रजनीश कांत मिश्रा, प्रशांत नापित, अविनाश सिंह, महेश प्रजापति, रामेश्वर पांडेय, राजबहोर साहू, अनिल सिंह, अरुण दुबे, मोहित वर्मा, राजेश सिंह, दयाशंकर पांडेय, रजनी सेन, दिनेश बहेलिया, कुंजभान साकेत, दीपक सिंह समेत अन्य सदस्य और पदाधिकारी उपस्थित रहे।




