साधु-संतों पर कथित अभद्र टिप्पणी के विरोध में शिवसेना का ज्ञापन, 10 दिन में कार्रवाई की मांग
एडिशनल एसपी को सौंपा पुलिस अधीक्षक के नाम ज्ञापन; संगठन ने संबंधित व्यक्ति के खिलाफ निष्पक्ष जांच और कानूनी कार्रवाई की मांग की, थाने में FIR दर्ज

सीधी। साधु-संतों के प्रति कथित अभद्र और अपमानजनक टिप्पणियों के विरोध में शिवसेना की जिला इकाई ने पुलिस प्रशासन के समक्ष नाराजगी जताई है। शुक्रवार को संगठन के पदाधिकारियों ने एडिशनल एसपी को पुलिस अधीक्षक के नाम ज्ञापन सौंपकर संबंधित व्यक्ति विवेक कोल के विरुद्ध निष्पक्ष जांच और वैधानिक कार्रवाई की मांग की। ज्ञापन में अपराध प्रमाणित होने पर गिरफ्तारी की मांग भी शामिल रही। मामले में थाने में एफआईआर दर्ज होने की जानकारी दी गई है।
10 दिन का अल्टीमेटम, आंदोलन की चेतावनी
शिवसेना प्रदेश उपाध्यक्ष विवेक पाण्डेय ने कहा कि सनातन धर्म और साधु-संतों के प्रति अपमानजनक टिप्पणियां स्वीकार नहीं की जाएंगी। उन्होंने पुलिस प्रशासन से 10 दिनों के भीतर उचित वैधानिक कार्रवाई करने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि निर्धारित अवधि में कार्रवाई नहीं होने पर संगठन अपने स्तर पर आंदोलनात्मक कदम उठाने के लिए बाध्य होगा।

जिलाध्यक्ष बेनाम सिंह बघेल ने भी धार्मिक आस्था से जुड़े मामलों को गंभीरता से लेने और निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की। उन्होंने कहा कि शिवसेना साधु-संतों के सम्मान के लिए आवाज उठाती रहेगी।

ज्ञापन सौंपने के दौरान ये पदाधिकारी रहे मौजूद
इस दौरान संभाग उपाध्यक्ष प्रदीप विश्वकर्मा, संभाग सह-संयोजक संत कुमार केवट, जिलाध्यक्ष बेनाम सिंह बघेल उर्फ भोले, जिला उपाध्यक्ष हृदेश त्रिवेदी, युवा सेना जिलाध्यक्ष आशीष मिश्रा, सीधी विधानसभा उपाध्यक्ष मनोज गौतम, नगर अध्यक्ष जैनेंद्र सिंह चौहान उर्फ मुन्ना, राजन मिश्रा, युवा कोषाध्यक्ष लाला वर्मा, अमर यादव, सुनील गुप्ता, आशु गौतम, सुनील रावत और गोविंद भारती सहित कई शिवसैनिक उपस्थित रहे।
फिलहाल संगठन ने पुलिस प्रशासन से मामले में निष्पक्ष जांच और कानून के अनुसार कार्रवाई की मांग की है।




