कुसमी में 709 शिक्षकों को मिला विशेष प्रशिक्षण, चार दिवसीय दक्षता संवर्धन कार्यशाला संपन्न

Sidhi News: जिले के कुसमी विकासखंड में शिक्षकों की शैक्षणिक दक्षता बढ़ाने और विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित चार दिवसीय शिक्षक प्रेरणा एवं दक्षता संवर्धन कार्यशाला सफलतापूर्वक संपन्न हो गई। कार्यशाला में कुल 709 शिक्षकों ने प्रशिक्षण प्राप्त किया। प्रशिक्षण के दौरान शिक्षकों को नई शिक्षा नीति, नवाचार आधारित शिक्षण तकनीकों और विद्यालय प्रबंधन से जुड़े विभिन्न विषयों पर मार्गदर्शन दिया गया।
दो चरणों में आयोजित हुआ प्रशिक्षण
कलेक्टर विकास मिश्रा के निर्देशानुसार आयोजित कार्यशाला का पहला चरण 10 से 11 जून तथा दूसरा चरण 12 से 13 जून 2026 तक आयोजित किया गया। बीआरसीसी कुसमी अंगिरा प्रसाद द्विवेदी ने बताया कि प्रथम बैच में 329 और द्वितीय बैच में 380 शिक्षकों ने सहभागिता की। इस तरह कुल 709 शिक्षकों को प्रशिक्षण दिया गया।
प्रशिक्षण का संचालन 9 कक्षों में 18 मास्टर ट्रेनरों द्वारा किया गया।
नई शिक्षा नीति और नवाचार आधारित शिक्षण पर फोकस
कार्यशाला के दौरान शिक्षकों को विद्यालय विकास एवं प्रबंधन, प्रभावी शिक्षण कौशल, टीचिंग-लर्निंग मटेरियल (TLM) के उपयोग, प्रयोगशालाओं और पुस्तकालयों के शैक्षणिक उपयोग, राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 (NEP-2020), राष्ट्रीय पाठ्यचर्या रूपरेखा-2023 (NCF-2023) तथा शिक्षा में नवाचार जैसे विषयों पर विस्तृत प्रशिक्षण दिया गया।
इसके साथ ही विद्यार्थियों के अधिगम परिणामों में सुधार, समावेशी शिक्षा, नेतृत्व क्षमता, टीमवर्क और शिक्षक दक्षता संवर्धन पर भी विशेष चर्चा की गई।
उजियार कार्यक्रम और मिशन अंकुर पर विशेष जोर
प्रशिक्षण के दौरान उजियार कार्यक्रम के तहत 15 वर्ष से अधिक आयु के निरक्षर व्यक्तियों को साक्षर बनाने के लिए नियमित साक्षरता कक्षाएं संचालित करने पर जोर दिया गया। वहीं मिशन अंकुर के माध्यम से बच्चों को निपुण बनाने की रणनीतियों पर भी शिक्षकों को प्रशिक्षित किया गया।
ई-सर्टिफिकेट बना आकर्षण का केंद्र
जनपद शिक्षा केन्द्र कुसमी द्वारा प्रशिक्षण के बाद सभी प्रतिभागियों का ऑनलाइन पोस्ट मूल्यांकन कराया गया। इसके पश्चात शिक्षकों के ई-मेल पर डिजिटल प्रमाण-पत्र (ई-सर्टिफिकेट) भेजे गए। प्रशिक्षण समाप्त होते ही शिक्षकों ने अपने प्रमाण-पत्र डाउनलोड किए।
यह डिजिटल पहल प्रतिभागियों के बीच विशेष आकर्षण और चर्चा का विषय रही।
शिक्षकों ने लिया नवाचार लागू करने का संकल्प
कार्यशाला के समापन पर शिक्षकों ने प्रशिक्षण के दौरान प्राप्त ज्ञान, नवाचारों और व्यवहारिक शिक्षण तकनीकों को विद्यालयों में लागू करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के सफल संचालन में प्राचार्य टमसार रामपाल सिंह एवं मास्टर ट्रेनरों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
खास बातें
- कुसमी में चार दिवसीय शिक्षक प्रेरणा एवं दक्षता संवर्धन कार्यशाला संपन्न
- कुल 709 शिक्षकों ने लिया प्रशिक्षण
- NEP-2020 और NCF-2023 पर दिया गया विशेष मार्गदर्शन
- मिशन अंकुर और उजियार कार्यक्रम पर हुई चर्चा
- ऑनलाइन मूल्यांकन के बाद जारी किए गए ई-सर्टिफिकेट
- गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और नवाचार आधारित शिक्षण पर विशेष जोर




