नाबालिक गुमशुदा मामलों में सीधी पुलिस की दो बड़ी सफलताएँ*
एक बालिका को 1400 किमी दूर रायगढ़ (महाराष्ट्र) एवं दूसरी बालिका को 1100 किमी हैदराबाद (तेलंगाना) से सकुशल किया गया बरामद

सीधी। पुलिस अधीक्षक श्री संतोष कोरी के कुशल निर्देशन तथा संबंधित अनुभाग के अनुविभागीय अधिकारियों के मार्गदर्शन में थाना जमोड़ी एवं चुरहट पुलिस ने दो अलग-अलग गुमशुदगी मामलों में उल्लेखनीय सफलता प्राप्त करते हुए नाबालिक बालिकाओं को दूर-दराज़ राज्यों से सकुशल बरामद कर परिजनों को सुपुर्द किया है।
प्रकरण – 1 (थाना जमोड़ी)
दिनांक 28.10.2025 को एक परिजन द्वारा थाना जमोड़ी में सूचना दी गई कि उनकी 16 वर्षीय नाबालिक पुत्री दिनांक 25.10.2025 से घर से लापता है।
रिपोर्ट पर थाना जमोड़ी में धारा 137(2) बीएनएस के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर जांच प्रारंभ की गई।
सतत प्रयासों एवं साइबर तकनीकी विश्लेषण से सूचना मिली कि गुमशुदा रायगढ़, महाराष्ट्र में दिखाई दी है।
थाना प्रभारी जमोड़ी उप निरीक्षक दिव्य प्रकाश त्रिपाठी के नेतृत्व में टीम गठित कर 1400 किमी दूर रायगढ़ (MIDC) भेजा गया।
टीम द्वारा गुमशुदा एवं आरोपी को दस्तयाब कर सीधी लाया गया। गुमशुदा बालिका ने पूछताछ में बताया कि—
> “मैं सोशल मीडिया पर बड़े शहरों, खासकर फिल्म नगरी और महाराष्ट्र की लाइफ़स्टाइल वाले वीडियो देखती थी। पढ़ाई का तनाव और घर पर सीमित माहौल के कारण मन बेचैन रहता था। मुझे बाहर की दुनिया देखने की जिज्ञासा बढ़ती गई। इसी दौरान एक परिचित युवक से मेरी चैटिंग होने लगी, जिसने बाहर घूमने और नए अवसर दिखाने की बातें कहीं।
मैं उसकी बातों में आ गई और बिना सोचे-समझे उसके साथ महाराष्ट्र निकल गई।”
पुलिस द्वारा वैधानिक कार्रवाई पूर्ण कर आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया तथा गुमशुदा बालिका को परिजनों को विधि अनुसार सुपुर्द कर दिया गया।
सराहनीय योगदान:- थाना प्रभारी जमोड़ी उप निरीक्षक दिव्य प्रकाश त्रिपाठी, सहायक उप निरीक्षक वीरभान साकेत, महिला आरक्षक कुसुम, आरक्षक के.पी. सिंह, साइबर सेल से आरक्षक प्रदीप मिश्रा
प्रकरण – 2 (थाना चुरहट)
दिनांक 17.10.2025 को थाना चुरहट में एक परिजन द्वारा सूचना दी गई कि उनकी 15 वर्षीय नाबालिक पुत्री घर से बिना बताए लापता हो गई है।
प्रकरण पर थाना चुरहट में धारा 137(2) बीएनएस के तहत अपराध पंजीबद्ध कर खोजबीन प्रारंभ की गई।
लगातार प्रयासों से सूचना प्राप्त हुई कि गुमशुदा हैदराबाद, तेलंगाना में है।
थाना प्रभारी चुरहट उप निरीक्षक दीपक बघेल के निर्देशन में टीम बनाकर 1100 किमी दूर हैदराबाद भेजा गया।
टीम द्वारा गुमशुदा एवं आरोपी को दस्तयाब कर सीधी लाया गया। गुमशुदा किशोरी ने पूछताछ में बताया—
“मुझे घर की परिस्थितियाँ और छोटे शहर का सीमित माहौल अच्छा नहीं लगता था। इसी दौरान आरोपी युवक ने मुझसे संपर्क कर यह विश्वास दिलाया कि वह मुझे बड़े शहर में नौकरी दिलाएगा, अच्छी जगह रखेगा और बेहतर जीवन देगा।
उसकी लगातार मीठी बातें और दिखाए गए झूठे सपनों में फँसकर मैं उसके साथ हैदराबाद चली गई।”
पुलिस ने वैधानिक कार्रवाई कर आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा, और गुमशुदा को विधि अनुसार परिजनों को सुपुर्द किया गया।
सराहनीय योगदान:- थाना प्रभारी चुरहट उप निरीक्षक दीपक बघेल, उप निरीक्षक आशा सिलावट
सीधी पुलिस का संदेश
सीधी पुलिस नागरिकों की सुरक्षा, विशेषकर महिलाओं एवं नाबालिकों की संरक्षण हेतु सदैव प्रतिबद्ध है।
गुमशुदा प्रकरणों में त्वरित कार्रवाई, तकनीकी विश्लेषण एवं दूरस्थ राज्यों में सर्च ऑपरेशन के माध्यम से सीधी पुलिस ने पुनः यह सिद्ध किया है कि नागरिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है।




