शिवसेना की बड़ी माँग: सीधी को संभाग बनाने की माँग से बढ़ी हलचल, उपेक्षा के खिलाफ उठी बुलंद आवाज

सीधी। शिवसेना की माँग अब एक बड़े जनांदोलन की शक्ल ले सकती है क्योंकि पार्टी ने सीधी जिले को नया संभाग बनाने के लिए सीधे मुख्यमंत्री से हस्तक्षेप की माँग की है। शिवसेना मध्यप्रदेश इकाई के प्रदेश उपाध्यक्ष विवेक पांडे ने स्पष्ट किया कि सीधी, मऊगंज और सिंगरौली को मिलाकर एक स्वतंत्र संभाग बनाने की आवश्यकता अब केवल राजनीतिक मुद्दा नहीं, बल्कि क्षेत्रीय विकास की जरूरत बन गई है।
शिवसेना की माँग को मिल रहा है जनसमर्थन
शिवसेना की माँग को अब स्थानीय जनता का भी समर्थन मिल रहा है। वर्षों से विकास की दौड़ में पीछे रहे सीधी जिले के लोग अब उम्मीद कर रहे हैं कि संभागीय दर्जा मिलने से शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और बुनियादी ढांचे में व्यापक सुधार आएगा। शिवसेना के नेता इस मुद्दे पर जनता से संवाद कर रहे हैं।
शिवसेना की माँग में रीवा संभाग का पुनर्गठन भी शामिल
विवेक पांडे ने सुझाव दिया कि रीवा संभाग के मौजूदा ढांचे को भी पुनर्गठित किया जाना चाहिए। उन्होंने प्रस्ताव रखा कि सतना, पन्ना और मैहर को मिलाकर एक अलग संभाग बनाया जा सकता है, जिससे प्रशासनिक भार कम हो और सभी क्षेत्रों को बेहतर सेवाएं मिल सकें।
शिवसेना की माँग के पीछे वर्षों की उपेक्षा का दर्द
विवेक पांडे ने आरोप लगाया कि सीधी जिले के साथ लगातार उपेक्षा बरती गई है और विकास के अवसर छीने गए हैं। उनका कहना है कि यह माँग केवल राजनीतिक नहीं है, बल्कि स्थानीय जनता के हित से जुड़ी है। शिवसेना इस मुद्दे पर एक विस्तृत ज्ञापन तैयार कर मुख्यमंत्री को सौंपेगी।
शिवसेना की माँग बन सकती है बड़ा जनांदोलन
पार्टी के अनुसार यदि माँग पर ध्यान नहीं दिया गया, तो शिवसेना की माँग एक बड़े जनांदोलन का रूप ले सकती है। मुख्यमंत्री के अगले दौरे के दौरान भारी संख्या में कार्यकर्ता ज्ञापन सौंपने की योजना बना रहे हैं। पार्टी का इरादा है कि इस मुद्दे को राज्य स्तर पर प्रभावशाली रूप से उठाया जाए।




