सिंहस्थ महाकुंभ 2028: सुरक्षा-भोजन-आवास में नई पहल, लेकिन भीड़ प्रबंधन पर चुनौती

उज्जैन। सिंहस्थ महाकुंभ 2028 को लेकर सरकार ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा, भोजन और आवास को प्राथमिकता दी है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आयोजन दुर्घटनामुक्त और सुविधाजनक बने। इसके लिए प्रशासन ने आधुनिक तकनीक, आपदा प्रबंधन और विभागीय समन्वय पर विशेष जोर देने का संकल्प लिया है।
सिंहस्थ महाकुंभ 2028: आवास और भोजन की तैयारियां
श्रद्धालुओं के लिए घाटों के आसपास सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा ताकि स्नान सरल और सुगम हो। पर्यटन विभाग और निजी होटल उद्योग भी मिलकर विशेष आवास की व्यवस्था करेंगे। भोजन व्यवस्था को सुव्यवस्थित बनाने के लिए प्रशासनिक स्तर पर अलग-अलग विभागों को जिम्मेदारी दी गई है।
सिंहस्थ महाकुंभ 2028: रेल और परिवहन सेवाओं का विस्तार
प्रदेश के विभिन्न रेल मंडल प्रबंधकों ने सिंहस्थ को देखते हुए अतिरिक्त रेल सेवाएं उपलब्ध कराने का भरोसा दिया है। साथ ही सड़क और सार्वजनिक परिवहन की व्यवस्था को भी बेहतर किया जाएगा ताकि लाखों श्रद्धालु बिना किसी कठिनाई के उज्जैन पहुंच सकें।
सिंहस्थ महाकुंभ 2028: AI से भीड़ प्रबंधन की योजना
भीड़ नियंत्रण और सुरक्षा व्यवस्था में पहली बार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का प्रयोग किया जाएगा। प्रशासन ने अन्य देशों के अनुभवों का अध्ययन करने के निर्देश दिए हैं। इससे श्रद्धालुओं की गतिविधियों पर नजर रखी जा सकेगी और आपात स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया दी जाएगी।
सिंहस्थ महाकुंभ 2028: सतत समीक्षा और अधिकारियों का अनुभव
- विभागवार बैठकों में तैयारियों की समीक्षा होगी।
- वरिष्ठ अधिकारियों और कर्मचारियों का विशेष प्रशिक्षण कराया जाएगा।
- देवस्थानों के परिसरों का विकास कार्य भी तेज गति से होगा।
- 2004 और 2016 के सिंहस्थ में काम कर चुके अनुभवी अधिकारियों का मार्गदर्शन लिया जाएगा।




