सिहावल में श्रीरामलीला उत्सव की धूम, 50 से अधिक कलाकारों ने जीवंत किए रामायण के प्रसंग
पांच दिवसीय आयोजन में उमड़ रहे श्रद्धालु; विधायक विश्वामित्र पाठक ने कहा- श्रीराम के आदर्श समाज को देते हैं सही दिशा

सीधी। सिहावल के लौआ देवी मंदिर परिसर स्थित मायापुर स्टेडियम में पांच दिवसीय श्रीरामलीला उत्सव का आयोजन किया जा रहा है। मध्यप्रदेश शासन के संस्कृति विभाग एवं जिला प्रशासन के सहयोग से आयोजित इस उत्सव में 50 से अधिक कलाकार रामायण के प्रमुख प्रसंगों का सजीव मंचन कर रहे हैं। धार्मिक और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों को देखने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं।
शनिवार को आयोजित कार्यक्रम में सिहावल विधायक विश्वामित्र पाठक सहित स्थानीय प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों ने सहभागिता की और कलाकारों की प्रस्तुतियां देख उनका उत्साहवर्धन किया। इस अवसर पर विधायक ने कहा कि भगवान श्रीराम का जीवन त्याग, तपस्या, कर्तव्यनिष्ठा और मर्यादा का आदर्श प्रस्तुत करता है। श्रीरामलीला जैसे आयोजन नई पीढ़ी को भारतीय संस्कृति, संस्कारों और जीवन मूल्यों से जोड़ने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं।
रामायण के प्रमुख प्रसंगों का हुआ मंचन
उत्सव के दौरान शंकर विवाह, श्रीराम जन्म, ताड़का वध, अहिल्या उद्धार, धनुष यज्ञ, श्रीराम विवाह, वनगमन और केवट प्रसंगों की प्रस्तुतियां दी गईं। कलाकारों ने अभिनय, संवाद और संगीत के माध्यम से रामकथा के प्रसंगों को मंच पर जीवंत किया। मंच सज्जा और सामूहिक प्रस्तुतियों ने दर्शकों का ध्यान आकर्षित किया।
गुरुकुल संस्थान के निर्देशन में हो रहा आयोजन
श्रीरामलीला उत्सव की परिकल्पना श्रीरामलीला गुरुकुल संस्थान द्वारा की गई है। कार्यक्रम का आलेख योगेश त्रिपाठी (रीवा), संगीत संयोजन सीताराम सिंह (पटना) और निर्देशन रामचन्द्र सिंह (भोपाल) कर रहे हैं।
कार्यक्रम में एसडीएम सिहावल राकेश शुक्ला, जनपद पंचायत सीईओ रोहित उपाध्याय, तहसीलदार हिमांशु शुक्ला, थाना प्रभारी राजेश पाण्डेय सहित स्थानीय अधिकारी और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।
उत्सव में श्रद्धालुओं के लिए प्रवेश निःशुल्क रखा गया है। संस्कृति विभाग और जिला प्रशासन ने क्षेत्रवासियों से आयोजन में शामिल होकर रामलीला का आनंद लेने तथा भारतीय संस्कृति और धार्मिक परंपराओं से जुड़ने की अपील की है।




